Wednesday, March 11, 2026
HomeUncategorizedरैगिंग फ्री कैंपस के लिए 12 से 18 अगस्त के बीच सीयूएसबी...

रैगिंग फ्री कैंपस के लिए 12 से 18 अगस्त के बीच सीयूएसबी मनाएगा एंटी-रैगिंग सप्ताह

सीयूएसबी में रैगिंग मुक्त परिसर सुनिश्चित करने के लिए एंटी-रैगिंग कमिटी की विचार-मंथन बैठक

Gaya।रैगिंग को रोकने के लिए विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने उच्च शिक्षण संस्थानों के लिए कठोर नियम बनाए हैं। ये नियम अनिवार्य हैं और सभी संस्थानों को इसके क्रियान्वयन के लिए आवश्यक कदम उठाने होंगे, जिसमें उपरोक्त नियमों के अनुसार निगरानी तंत्र बनाना और इसका कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करना शामिल है। दक्षिण बिहार केन्द्रीय विश्वविद्यालय (सीयूएसबी) एक रैगिंग मुक्त परिसर है और विश्वविद्यालय रैगिंग को एक गंभीर अपराध मानता है और रैगिंग में भाग लेने या उसे बढ़ावा देने के लिए सबसे कठोर दंड का प्रावधान है। नए शैक्षणिक सत्र के लिए आने वाली चुनौतियों और परिसर की पवित्रता बनाए रखने के लिए आवश्यक उपायों को ध्यान में रखते हुए सीयूएसबी की एंटी-रैगिंग कमिटी द्वारा एक विचार-मंथन बैठक आयोजित की गई। जन संपर्क पदाधिकारी (पीआरओ) मोहम्मद मुदस्सीर आलम ने बताया कि कुलपति प्रो. कामेश्वर नाथ सिंह की पहल पर सीयूएसबी के नोडल अधिकारी एंटी-रैगिंग डॉ. जावेद अहसन द्वारा कमिटी की एक बैठक बुलाई गई । बैठक का आयोजन डीएसडब्ल्यू प्रो. पवन कुमार मिश्रा ने किया, जिसमें प्रॉक्टर प्रो. प्रणव कुमार और एंटी रैगिंग कमेटी के सदस्यगण क्रमशः  नोडल ऑफिसर एंटी रैगिंग डॉ. जावेद अहसन, प्रो. रति कांत कुंभार, प्रो. किरण कुमारी, डॉ. राजेश कुमार रंजन, डॉ. तारा काशव, डॉ. पूनम कुमारी, डॉ. राम चंद्र रजक, बालक छात्रावास के वार्डन डॉ. आशीष कुमार सिंह, गार्गी सदन बालिका छात्रावास की चीफ वार्डन श्रीमती रेणु और मैत्रेयी सदन बालिका छात्रावास की वार्डन डॉ. चंदना सूबा शामिल हुई । सभी सदस्यों ने आगे की योजना पर चर्चा की और एंटी रैगिंग उपायों पर अपने विचार प्रस्तुत किए। प्रो. पवन ने विश्वविद्यालय में सक्रिय रूप से कार्यरत विभिन्न एंटी रैगिंग कमेटियों और दस्तों के बारे में जानकारी दी। प्रॉक्टर प्रो. प्रणव कुमार ने विश्वविद्यालय परिसर में छात्रों के अनुशासन और यातायात प्रबंधन से संबंधित जानकारी दी। वहीँ एंटी रैगिंग नोडल ऑफिसर डॉ. जावेद अहसन ने एंटी रैगिंग दिवस और एंटी रैगिंग सप्ताह के पालन के तहत विश्वविद्यालय में आयोजित होने वाली विभिन्न छात्र संबंधी गतिविधियों की योजना पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि एंटी-रैगिंग सप्ताह की शुरुआत 12 अगस्त को एंटी-रैगिंग दिवस के साथ होगी, जिसके बाद परिसर में एंटी-रैगिंग मार्च निकाला जाएगा। छात्रों के लिए पोस्टर मेकिंग और निबंध लेखन (अंग्रेजी और हिंदी दोनों में) प्रतियोगिताएं होंगी। छात्रों के बीच एंटी-रैगिंग पर रुचि और जागरूकता बढ़ाने के लिए विश्वविद्यालय के प्रमुख स्थानों पर नुक्कड़-नाटक का आयोजन किया जाएगा। विभिन्न विभागों में एक शपथ कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जहां सभी छात्र शपथ लेंगे कि वे किसी भी तरह की रैगिंग में शामिल नहीं होंगे। डॉ. अहसन ने बताया कि एंटी-रैगिंग से संबंधित सेमिनार और ओरिएंटेशन भी आयोजित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि पिछले वर्षों की तरह, यूजीसी के दिशा-निर्देशों के अनुसार सीयूएसबी ने 12 अगस्त को एंटी-रैगिंग दिवस मनाने और 12 अगस्त से 18 अगस्त, 2024 तक एंटी-रैगिंग सप्ताह मनाने का निर्णय लिया है।

Most Popular

error: Content is protected !!