मधुबनी में मुस्लिम मजदूर पर भीड़ का अमानवीय हमला
पटना/मधुबनी।मधुबनी जिले के राजनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत टिचका गांव में एक मुस्लिम मजदूर पर भीड़ द्वारा किए गए क्रूर हमले की गंभीर घटना सामने आई है, जिससे पूरे इलाके में भय और दहशत का माहौल व्याप्त हो गया है। इस घटना को अत्यंत गंभीरता से लेते हुए बिहार राज्य अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष गुलाम रसूल बलियावी ने जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को तत्काल कठोर कानूनी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सुपौल जिले के भीमपुर थाना क्षेत्र के शंकरपुर गांव निवासी मोहम्मद मुरशिद आलम मधुबनी जिले के वार्ड संख्या 44 में सरकारी नाला निर्माण कार्य में मजदूरी कर रहे थे तथा रहमतगंज इलाके में किराए के मकान में निवास कर रहे थे।
बताया गया है कि 30 दिसंबर 2025 को टिचका गांव के असामाजिक तत्वों ने उन्हें जबरन “बांग्लादेशी” बताकर निशाना बनाया। आरोप है कि हमलावरों ने धार्मिक नारे लगाए, दाढ़ी नोची, धार्मिक पहचान का अपमान किया और जान से मारने की नीयत से बेरहमी से पिटाई की। लगभग 50 लोगों की संगठित भीड़ ने खुलेआम कानून को चुनौती देते हुए यह हिंसक कृत्य अंजाम दिया, जिससे पीड़ित गंभीर रूप से घायल हो गया और उसकी स्थिति नाजुक बताई जा रही है।
बिहार राज्य अल्पसंख्यक आयोग ने इस घटना में शामिल सभी आरोपियों के विरुद्ध सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार तत्काल एफआईआर दर्ज करने, बिना किसी देरी के सभी दोषियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित करने तथा कड़ी से कड़ी कानूनी कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।
इसके साथ ही आयोग के अध्यक्ष ने यह भी आदेश दिया है कि बिहार सरकार द्वारा जारी सर्कुलर के अनुरूप पीड़ित परिवार को उचित आर्थिक सहायता प्रदान की जाए तथा की गई कार्रवाई की लिखित जानकारी आयोग को उपलब्ध कराई जाए।
यह घटना राज्य में अल्पसंख्यकों की सुरक्षा और कानून के शासन पर एक गंभीर प्रश्नचिह्न है, जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। इस मामले में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई को आयोग ने अनिवार्य बताया है।












