Thursday, March 5, 2026
HomeBiharविष्णुपद में वैदिक मंत्रोंच्चारण और शंख ध्वनि के बीच पांच दिवसीय दोलनोत्सव...

विष्णुपद में वैदिक मंत्रोंच्चारण और शंख ध्वनि के बीच पांच दिवसीय दोलनोत्सव शुरू

गयाजी। विश्व प्रसिद्ध विष्णुपद मंदिर में वृंदावन के तर्ज पर पांच दिवसीय दोलनोत्सव श्रावण के एकादशी से वैदिक मंत्रों और शंख ध्वनि के बीच शुरू हो गया, जो श्रावणी पूर्णिमा तक चलेगा।मंगलवार को विष्णुपद प्रांगण में  झूलनोत्सव देखने के लिए श्रद्धालुओं की अपार भीड़ उमड़ी। गयापाल पंडा ने विष्णु सहस्त्रनाम के साथ चांदी की पालकी पर सोने के भगवान विष्णु चरण को विराजमान कराया। विष्णु पद  प्रांगण के सभा मंडप में चांदी की पालकी पर तुलसी पत्रों और फूलों से सजाया संवारा गया था। फूल माला और तुलसी पत्रों से चौकी आसनी में झूले को झूलाने के लिए  श्रद्धालुओं में विशेष   उत्साह देखा गया। इसके बाद मंगल आरती कर भोग लगाया गया।

कोलकाता और लखनऊ के कलाकार गीत- संगीत के साथ फन की नुमाइश पेश करेंग। मंदिर के भारी परिसर में भगवान श्री कृष्ण की लीला पर आधारित मनोरम झांकी निकाली गई।संध्या 7:30 बजे से पूज्य देवी अनुराधा सरस्वती के प्रवचन का श्रद्धालुओं ने लाभ उठाया।

8 अगस्त को कोलकाता के देवोश्री भट्टाचार्य शास्त्रीय एवं उपशास्त्रीय गायन की प्रस्तुति देंगे। लखनऊ के धर्मनाथ मिश्र हारमोनियम एवं तबला पर कोलकाता के चरणजीत मुखर्जी साथ देंगे। गया घराना के शुभेंदु बनर्जी हारमोनियम पर एवं कोलकाता के अरुणभ मुखर्जी तबला पर संगत करेंगे।
अंतिम दिन 9 अगस्त को रात्रि 9: 30 बजे से वाराणसी के रुद्र शंकर और उनकी टीम द्वारा कत्थक नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति दी जाएगी।
दोलनोत्सव को लेकर विष्णु पद मंदिर को पूरे रंग बिरंगे कृत्रिम रोशनी और फूल- मालाओं से सजाया संवारा गया है।
मंदिर प्रांगण में जगह-जगह पर आकर्षक लाइटिंग की गई है।
इस अवसर पर श्री विष्णुपद प्रबंधकारिणी समिति के अध्यक्ष शंभू लाल विट्ठल, सचिव गजाधर लाल पाठक, कोषाध्यक्ष सुनील लाल हल,सदस्य मणिलाल बारिक अमरनाथ धोकड़ी समेत कई सदस्य उपस्थित थे।

Most Popular

error: Content is protected !!